नारनौल में इनेलो-बसपा कार्यकर्ताओं ने दी गिरफ्तारिया
चंडीगढ़ ‘एसवाईएल का पानी लाना है, हरियाणा को बचाना है’ इस नारे को बुलंद करते हुए आज नारनौल में हजारों की संख्या में इनेलो-बसपा कार्यकर्ताओं ने चौधरी अभय सिंह चौटाला के नेतृत्व में गिरफ्तारियां दी। गिरफ्तारियां देने वालों की तादाद इतनी अधिक थी कि प्रशासन सभी को हिरासत में लेने में विवश नजर आया।
एसडीएम नारनौल ने भारी संख्या में आंदोलनकारियों के आने से प्रशासनिक व्यवस्था न होने का हवाला देकर तुरंत ही सभी को रिहा कर दिया। एसवाईएल, मेवात कैनाल व दादूपुर नलवी के निर्माण के लिए हो रहे इस जलयुद्ध संघर्ष में गिरफ्तारी देने वालों मे अभय सिंह चौटाला, बसपा प्रदेशाध्यक्ष प्रकाश भारती, सांसद दुष्यंत चौटाला, विधायक परमेंद्र ढुल, पूर्व विधायक राव बहादुर, मूलाराम, जसबीर सिंह ढिल्लों, शीला भ्यान, बसपा जिलाध्यक्ष नरेंद्र प्रजापति, सुनीता वर्मा सहित इनेलो-बसपा नेता और कार्यकर्ता शामिल थे। नेता विपक्ष ने लोगों को आश्वसत किया कि उनका संघर्ष व्यर्थ नहीं जाएगा। इसके बाद उन्होंने केंद्र की सरकार पर निशान साधते हुए लोगों को याद दिलाया कि जब नरेंद्र मोदी प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार घोषित किए गए थे तो उन्होंने पहली रैली रेवाड़ी में की थी जिसमें मोदी ने भूतपूर्व सैनिकों से वादा किया था वन रैंक वन पैंशन, जो आज तक भी पूरा नहीं हुआ। देश व प्रदेश के रिटायर्ड सैनिक आज भी पार्लियामेंट स्ट्रीट पर धरना दिए हुए हैं। इसके साथ
मोदी जी युवाओं के साथ भी छल किया है। हर साल दो करोड़ रोजगार की बात कर, आज युवाओं को पकोड़े बेचने की सलाह देकर अपमानित करने का काम कर रहे हैं। इसके अतिरिक्त खुद को किसानों का हितैषी बताने वाले प्रधानमंत्री ने यह भी वादा किया था कि केंद्र में अगर भाजपा सरकार बनती है तो वह फसलों के समर्थन मूल्य पर पचास फिसदी लाभ देगी। लेकिन लाभ तो दूर की बात है भाजपा सरकार किसानों को सही लागत मूल्य भी नहीं दे पाई। उन्होंने यह भी कहा कि खुद को गरीब कहने वाले नरेंद्र मोदी ने गरीब जनता को जन-धन खातों में पंद्रह लाख रूपए दिए जाने का झूठ बोलकर भ्रमाने का प्रयास किया था जिसके चलते जनता ने उनकेे जुमलों पर यकीन कर सत्ता उनके हाथ में सौंप थी लेकिन अब जनता भी समझ चुकी है कि भाजपा कोरे वादे करती है।